राजनांदगांव। छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव शहर में पुरानी रंजिश को लेकर हत्या की सनसनीखेज वारदात सामने आई है। चिखली पुलिस चौकी क्षेत्र में पूर्व महापौर हेमा देशमुख के देवर पप्पू देशमुख पर घर में घुसकर हमला किया गया। गंभीर चोट लगने के बाद उनकी मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में तनाव और सनसनी का माहौल है।
घर में घुसकर किया हमला
जानकारी के मुताबिक, घटना चिखली क्षेत्र में देर रात हुई। बताया जा रहा है कि चार युवक पप्पू देशमुख के घर पहुंचे और उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। हमले में पप्पू देशमुख को गंभीर चोटें आईं।
परिजनों और आसपास के लोगों को घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घायल पप्पू देशमुख को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उनकी हालत गंभीर होने के कारण जान नहीं बचाई जा सकी। पुलिस ने शव को जिला अस्पताल भेजा, जहां पोस्टमार्टम की कार्रवाई की गई।
पुरानी रंजिश को माना जा रहा वजह
प्रारंभिक जांच में पुलिस हत्या के पीछे पुरानी रंजिश को वजह मानकर जांच कर रही है। हालांकि, विवाद की वास्तविक शुरुआत कैसे हुई और हत्या के पीछे पूरा कारण क्या था, इसका स्पष्ट खुलासा पुलिस की विस्तृत जांच के बाद ही होगा।
पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने में जुटी है कि पप्पू देशमुख के साथ आरोपियों का पुराना विवाद किस बात को लेकर था और वारदात की योजना किस तरह बनाई गई थी।
गिरफ्तारी को लेकर सामने आया अपडेट
घटना के शुरुआती अपडेट में पुलिस की ओर से दो आरोपियों की गिरफ्तारी और दो अन्य आरोपियों की तलाश की जानकारी सामने आई थी। हालांकि, बाद में प्रकाशित रिपोर्ट में राजनांदगांव पुलिस द्वारा तीन आरोपियों—विक्की साहू, मुकेश साहू और सागर वाहने—को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी दी गई है।
पुलिस फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है। पूछताछ के आधार पर वारदात में शामिल अन्य लोगों की भूमिका और हत्या के पीछे की पूरी कहानी सामने आने की उम्मीद है।
एक आरोपी पर पहले से आपराधिक मामले
रिपोर्ट के अनुसार गिरफ्तार आरोपी सागर वाहने के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस उसके पुराने आपराधिक रिकॉर्ड और इस वारदात में उसकी भूमिका की भी जांच कर रही है।
राजनीतिक एंगल की भी चर्चा
पप्पू देशमुख के पूर्व महापौर हेमा देशमुख के रिश्तेदार होने के कारण घटना के बाद राजनीतिक एंगल को लेकर भी चर्चाएं शुरू हुईं। हालांकि, पुलिस ने फिलहाल इसे राजनीतिक हत्या मानने से इनकार किया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच के बाद ही हत्या की वास्तविक वजह स्पष्ट हो पाएगी।
पुलिस जुटा रही साक्ष्य
हत्या की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने घटनास्थल से जुड़े साक्ष्य जुटाए हैं। आरोपियों से पूछताछ के साथ-साथ पुलिस घटना के समय मौजूद लोगों और आसपास के लोगों से भी जानकारी जुटा रही है।
पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी किस मकसद से पप्पू देशमुख के घर पहुंचे थे और हमला अचानक हुआ या पहले से इसकी योजना बनाई गई थी।
पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा जाएगा शव
घटना के बाद पुलिस ने शव को जिला अस्पताल भेजा। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंपे जाने की जानकारी सामने आई है। वहीं, हत्या की घटना से परिवार में शोक का माहौल है।
फिलहाल पुलिस की जांच जारी है और गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के बाद हत्या की वजह, वारदात में शामिल सभी लोगों और पूरे घटनाक्रम को लेकर और जानकारी सामने आने की उम्मीद है।

