सिद्धार्थनगर। उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जिले से मां-बेटी के रिश्ते को झकझोर देने वाला गंभीर मामला सामने आया है। मिश्रौलिया थाना क्षेत्र में एक 13 वर्षीय नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में उसकी मां और मां के कथित प्रेमी के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। आरोप है कि मां के प्रेम संबंध की जानकारी बेटी को हो जाने के बाद राज खुलने के डर से उसे डराया-धमकाया गया और कथित तौर पर मां के प्रेमी ने नाबालिग के साथ दुष्कर्म किया।
मामले में पीड़िता के पिता की ओर से शिकायत की गई थी। पुलिस की ओर से तत्काल मुकदमा दर्ज नहीं किए जाने के बाद मामला न्यायालय तक पहुंचा। कोर्ट के आदेश के बाद मिश्रौलिया थाना पुलिस ने मां और उसके कथित प्रेमी के खिलाफ FIR दर्ज कर जांच शुरू की है।
बेटी को सामान लेने भेजने के बाद प्रेमी को घर बुलाने का आरोप
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक घटना 26 जून की शाम की बताई जा रही है। आरोप है कि महिला ने अपनी 13 वर्षीय बेटी को कुछ सामान लेने के लिए दुकान भेज दिया। इसी दौरान उसने अपने कथित प्रेमी तसव्वुर को घर बुला लिया।
बताया गया है कि जब बेटी सामान लेकर वापस घर पहुंची तो उसने मां और तसव्वुर को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया। इसके बाद किशोरी ने यह बात अपने पिता को बताने की बात कही।
यहीं से मामले ने गंभीर रूप ले लिया।
राज खुलने के डर से बेटी को धमकाने का आरोप
शिकायत के अनुसार, बेटी द्वारा पिता को पूरी घटना बताने की बात कहे जाने के बाद मां ने उसे कथित तौर पर डराया-धमकाया। आरोप है कि महिला ने अपने कथित प्रेमी से बेटी के साथ दुष्कर्म कराया, ताकि वह अपने पिता या किसी अन्य व्यक्ति को उनके संबंधों के बारे में कुछ न बता सके।
मामले में लगाए गए आरोप बेहद गंभीर हैं। हालांकि, ये आरोप पुलिस जांच का विषय हैं और अभी अदालत से आरोप साबित नहीं हुए हैं।
पिता को फोन पर बताई पूरी आपबीती
रिपोर्टों के मुताबिक घटना के बाद नाबालिग ने अपने पिता से फोन पर संपर्क किया और अपनी आपबीती बताई। बेटी की बात सुनकर पिता ने पुलिस से शिकायत करने की कोशिश की।
मामले में पुलिस की ओर से कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाते हुए पिता ने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। इसके बाद अदालत के आदेश पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया।
मां और उसके कथित प्रेमी के खिलाफ मुकदमा
दैनिक जागरण की रिपोर्ट के अनुसार, नाबालिग के पिता की तहरीर पर मिश्रौलिया थाना पुलिस ने मां और उसके कथित प्रेमी के खिलाफ दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज किया है। वहीं अमर उजाला ने भी कोर्ट के आदेश के बाद प्राथमिकी दर्ज होने और मामले में मां की भूमिका पर गंभीर आरोप लगाए जाने की पुष्टि की है।
मामले में पुलिस अब घटना की परिस्थितियों, पीड़िता के बयान और लगाए गए आरोपों की जांच कर रही है।
पुलिस जांच में सामने आएगी पूरी सच्चाई
नाबालिग से जुड़े यौन अपराध के मामलों में पीड़िता की पहचान सार्वजनिक करना कानूनन प्रतिबंधित है। इसलिए उसकी पहचान से संबंधित कोई भी जानकारी प्रकाशित नहीं की जा रही है।
इस मामले में पुलिस के सामने कई महत्वपूर्ण सवाल हैं—घटना के समय वास्तव में क्या हुआ, आरोपी महिला की भूमिका क्या थी, कथित प्रेमी की इसमें क्या भूमिका रही और शिकायत में लगाए गए आरोपों की पुष्टि किन साक्ष्यों से होती है।
इन सभी पहलुओं की जांच के बाद ही मामले की पूरी तस्वीर स्पष्ट होगी।
कोर्ट के आदेश के बाद आगे बढ़ी कार्रवाई
इस पूरे मामले में सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि शिकायत के बाद मामला न्यायालय तक पहुंचा और अदालत के आदेश के बाद पुलिस ने FIR दर्ज की। अब पुलिस की जांच और आगे की कानूनी कार्रवाई पर सबकी नजर है।
फिलहाल आरोपी बनाए गए लोगों के खिलाफ आरोपों की जांच चल रही है। किसी आरोपी को दोषी ठहराना अदालत के अंतिम फैसले के बाद ही संभव होगा।
CGTOP36 FACT CHECK: उपलब्ध मीडिया रिपोर्टों में घटना, कोर्ट के आदेश और FIR दर्ज होने की जानकारी की पुष्टि होती है। हालांकि, दुष्कर्म और मां की कथित भूमिका से जुड़े आरोप अभी जांच के अधीन हैं। इसलिए इन्हें अंतिम सत्य के रूप में नहीं, बल्कि शिकायत/आरोप के रूप में ही देखा जाना चाहिए।

