आरंग। CG NEWS : नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. संदीप जैन पर मां दुर्गा के चित्र वाले फ्लेक्स-बैनरों को कचरा वाहन में डलवाकर फिंकवाने के आरोप के बाद आरंग की राजनीति गरमा गई है। मामले को लेकर कांग्रेस पार्षदों और कार्यकर्ताओं ने आरंग थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपकर अध्यक्ष के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। वहीं, अध्यक्ष डॉ. संदीप जैन ने अपने ऊपर लगाए गए तमाम आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए उन्हें बेबुनियाद बताया है। दोनों पक्षों के आमने-सामने आने से धार्मिक आयोजन से जुड़ा यह मामला अब राजनीतिक बहस का विषय बन गया है।
कांग्रेस ने धार्मिक भावनाएं आहत होने का लगाया आरोप

जानकारी के अनुसार, श्री सार्वजनिक नव दुर्गा उत्सव समिति महामाया पारा, आरंग द्वारा 15 अक्टूबर 2026 को जगराता कार्यक्रम आयोजित किया जाना है। इसके प्रचार-प्रसार के लिए नगर के प्रमुख चौराहों पर मां दुर्गा के चित्र वाले फ्लेक्स और होर्डिंग्स लगाए गए थे।
कांग्रेस पार्षदों का आरोप है कि नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. संदीप जैन ने इन बैनरों को उतरवाकर नगर पालिका के कचरा ट्रैक्टर में डलवाया और फिंकवा दिया। कांग्रेस नेताओं ने इसे धार्मिक आस्था से जुड़ा मामला बताते हुए कहा कि इस घटना से हिंदू समाज और सनातन धर्म के लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं।
इस संबंध में कांग्रेस पार्षदों ने थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपकर मामले की जांच और उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि कार्रवाई नहीं होने पर नगर में आंदोलन किया जाएगा।

डॉ. संदीप जैन ने आरोपों को किया खारिज
नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. संदीप जैन ने पोस्टर हटाए जाने को लेकर लगाए गए आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए कहा कि इस तरह की राजनीतिक बयानबाजी पूरी तरह अनुचित है।
डॉ. जैन ने कहा कि नवरात्रि का पवित्र पर्व आरंग सहित पूरे देश में हर्षोल्लास और गहरी श्रद्धा के साथ मनाया जाता है। मां दुर्गा के नौ दिवसीय अनुष्ठान और विशेष रूप से महामाया पारा में स्थापित होने वाली बड़ी दुर्गा प्रतिमा को लेकर आरंगवासियों में अलग ही उत्साह रहता है।
उन्होंने बताया कि आगामी 15 अक्टूबर को महामाया पारा दुर्गोत्सव समिति द्वारा विधायक एवं पद्मश्री अनुज शर्मा के विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है, जिसकी चर्चा हर तरफ है। ऐसे सार्वजनिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के पोस्टर लगना स्वाभाविक है।
डॉ. जैन ने कहा कि सार्वजनिक आयोजनों पर व्यक्तिगत टिप्पणी करना और राजनीतिक द्वेष के चलते पोस्टर निकलवाने का झूठा आरोप लगाना पूरी तरह निराधार है।
धार्मिक आयोजन से शुरू हुआ विवाद, सियासत तक पहुंचा मामला
मां दुर्गा के चित्र वाले पोस्टरों को हटाए जाने को लेकर शुरू हुआ विवाद अब कांग्रेस और नगर पालिका अध्यक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का रूप ले चुका है। कांग्रेस ने जहां धार्मिक भावनाएं आहत होने का आरोप लगाते हुए कानूनी कार्रवाई की मांग की है, वहीं अध्यक्ष ने आरोपों को खारिज करते हुए इसे अनुचित राजनीतिक बयानबाजी बताया है।
फिलहाल, पोस्टर हटाए जाने की परिस्थितियों और इस संबंध में सामने आए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना बाकी है। ऐसे में मामले की वास्तविक स्थिति स्पष्ट करने के लिए संबंधित पक्षों के तथ्यों और पुलिस की जांच पर नजर रहेगी।
ज्ञापन सौंपने के दौरान नेता प्रतिपक्ष शरद जीतू गुप्ता, पार्षद खिलावन निषाद, समीर गौरी, ईश्वर पटेल, सजल चंद्राकर, पार्षद प्रतिनिधि सूरज सोनकर, भरत लोधी, कुलदीप लोधी, सागर जोशी, आलोक शर्मा, डालू जलक्षत्रि, सुनील बघेल, मनीष कंडरा, भोला यादव, देवेंद्र घृतलहरे सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित थे।



