भुवनेश्वर। ओडिशा में लगातार हो रही बारिश और प्रमुख नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी को देखते हुए राज्य सरकार ने संभावित बाढ़ से निपटने की तैयारियां तेज़ कर दी हैं। जिला प्रशासन, आपदा प्रबंधन विभाग और राहत एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रखा गया है। संवेदनशील इलाकों की निगरानी बढ़ा दी गई है, जबकि निचले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
राज्य सरकार ने सभी जिलाधिकारियों को निर्देश जारी करते हुए कहा है कि बाढ़ प्रभावित होने की आशंका वाले क्षेत्रों में राहत एवं बचाव दलों को पहले से तैनात रखा जाए। इसके अलावा नावों, आवश्यक दवाइयों, खाद्य सामग्री और राहत शिविरों की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
विशेष रूप से महानदी, ब्राह्मणी, बैतरणी, सुवर्णरेखा और अन्य प्रमुख नदी तंत्र वाले जिलों पर प्रशासन की पैनी नजर है। जल संसाधन विभाग लगातार बांधों और बैराजों से छोड़े जा रहे पानी की निगरानी कर रहा है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में समय रहते कार्रवाई की जा सके।
राज्य आपदा मोचन बल (ODRAF), राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) और अग्निशमन विभाग की टीमें संभावित प्रभावित क्षेत्रों में तैनात हैं। स्थानीय प्रशासन को लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने, राहत शिविरों की व्यवस्था करने और संचार व्यवस्था सुचारु बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
मौसम विभाग ने आगामी दिनों में राज्य के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई है। इसे देखते हुए मछुआरों को समुद्र में न जाने की सलाह दी गई है, जबकि निचले इलाकों के लोगों से प्रशासन की चेतावनियों का पालन करने की अपील की गई है।
सरकार ने आम नागरिकों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल प्रशासन एवं मौसम विभाग द्वारा जारी आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने को कहा है। किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन और आपदा नियंत्रण कक्ष से तुरंत संपर्क करने की सलाह दी गई है।

