तीन दिन के अंतराल में दो चचेरे भाइयों की मौत, HIV रिपोर्ट सामने आने से मचा हड़कंप
बिजनौर: उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले में दो चचेरे भाइयों की महज तीन दिन के अंतराल में हुई मौत के बाद इलाके में चिंता का माहौल है। दोनों के इलाज के दौरान HIV संक्रमण की पुष्टि होने की बात सामने आई है। मामला सामने आने के बाद स्वास्थ्य विभाग भी सक्रिय हो गया है और गांव में लोगों की काउंसलिंग तथा आवश्यक जांच कराने की तैयारी की जा रही है।
मामले को लेकर स्थानीय स्तर पर यह चर्चा भी है कि दोनों भाई कुछ समय पहले एक महिला किराएदार के संपर्क में थे। महिला के मकान खाली कर वहां से चले जाने के बाद दोनों की तबीयत खराब होने लगी थी। हालांकि, महिला के जरिए ही दोनों में HIV संक्रमण फैला, इसकी आधिकारिक पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है।
महिला किराएदार के संपर्क में आने की चर्चा
जानकारी के मुताबिक बिजनौर शहर के नजदीक स्थित एक गांव में एक महिला करीब दो साल से किराए के मकान में रह रही थी। इसी दौरान गांव के रहने वाले दो चचेरे भाइयों के उसके संपर्क में आने की बात सामने आई है।
बताया जा रहा है कि दोनों भाइयों की महिला से नजदीकियां थीं। कुछ समय बाद महिला अचानक मकान खाली कर वहां से चली गई। उसके जाने के बाद दोनों भाइयों की तबीयत लगातार बिगड़ने लगी।
परिजनों ने पहले स्थानीय स्तर पर दोनों का इलाज कराया, लेकिन हालत में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। इसके बाद बड़े भाई को बेहतर उपचार के लिए ऋषिकेश स्थित एम्स ले जाया गया।
एम्स में जांच के दौरान HIV संक्रमण की जानकारी
एम्स ऋषिकेश में चिकित्सकों ने गंभीर हालत को देखते हुए कई जांच कराईं। इसी दौरान उसके HIV संक्रमित होने की जानकारी सामने आई। हालत गंभीर होने के कारण उसे सांस लेने में परेशानी हुई और ऑक्सीजन सपोर्ट की जरूरत पड़ी।
इलाज के दौरान करीब तीन दिन पहले उसकी मौत हो गई। इसके बाद उसके 43 वर्षीय चचेरे भाई की भी तबीयत गंभीर हो गई। उपचार के दौरान उसकी भी मौत हो गई। उसके मामले में भी HIV संक्रमण की पुष्टि होने की बात सामने आई है।
दोनों की मौत के बीच महज तीन दिन का अंतर होने के कारण परिवार और आसपास के लोगों में चिंता बढ़ गई।
महिला के संपर्क में आए अन्य लोगों को लेकर भी चिंता
मामला सामने आने के बाद स्थानीय लोगों के बीच कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। बताया जा रहा है कि महिला के किराए के मकान पर अन्य लोगों का भी आना-जाना था। ऐसे में उसके संपर्क में आए लोगों में भी स्वास्थ्य जांच को लेकर चिंता बनी हुई है।
हालांकि, स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार केवल किसी व्यक्ति के संपर्क में आने से HIV संक्रमण नहीं फैलता। संक्रमण के संभावित कारणों की पुष्टि चिकित्सकीय जांच के बाद ही की जा सकती है। इसलिए किसी व्यक्ति विशेष को संक्रमण का स्रोत मानना उचित नहीं है।
स्वास्थ्य विभाग गांव में करेगा काउंसलिंग
मामले की जानकारी मिलने के बाद बिजनौर के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. कौशलेंद्र सिंह ने स्वास्थ्य विभाग को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। गांव में स्वास्थ्य टीम भेजकर लोगों की काउंसलिंग करने और जरूरत के अनुसार जांच कराने की तैयारी की जा रही है।
स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य लोगों में फैली आशंकाओं को दूर करना और जरूरतमंद लोगों को उचित चिकित्सकीय सलाह उपलब्ध कराना है। विशेषज्ञों ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और किसी भी तरह की आशंका होने पर अधिकृत स्वास्थ्य केंद्र पर गोपनीय तरीके से जांच कराने की अपील की है।
HIV को लेकर जागरूकता जरूरी
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक HIV संक्रमण की पुष्टि होने का मतलब यह नहीं है कि व्यक्ति का जीवन तुरंत समाप्त हो जाएगा। आधुनिक उपचार और नियमित चिकित्सकीय देखभाल के जरिए HIV को नियंत्रित किया जा सकता है और संक्रमित व्यक्ति लंबे समय तक सामान्य जीवन जी सकता है।
ऐसे मामलों में सबसे जरूरी है कि लोग बिना पुष्टि के किसी व्यक्ति या परिवार को लेकर निष्कर्ष न निकालें। HIV से जुड़े मामलों में सामाजिक भेदभाव और अफवाहों से बचना भी उतना ही महत्वपूर्ण है।
फिलहाल स्वास्थ्य विभाग की जांच और काउंसलिंग के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि दोनों मामलों में संक्रमण की वास्तविक स्थिति क्या थी और क्या कोई अन्य व्यक्ति भी जांच के दायरे में आता है।

