ओडिशा के कालाहांडी जिले से दहेज उत्पीड़न का एक गंभीर मामला सामने आया है। यहां एक विवाहिता को कथित तौर पर दहेज की मांग को लेकर आग के हवाले किए जाने का आरोप लगा है। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। पीड़िता के परिजनों ने उसके ससुराल पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मामले में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी ससुर को गिरफ्तार किया है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
प्रारंभिक मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, पीड़िता की पहचान गीतांजलि लहाजला (28) के रूप में बताई गई है। आरोप है कि ससुराल में दहेज को लेकर उसे परेशान किया जा रहा था। इसी विवाद के बीच उसके साथ यह गंभीर घटना हुई। हालांकि, घटना के पीछे की पूरी परिस्थितियों और दहेज की मांग से जुड़े आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
शादी के बाद से प्रताड़ना का आरोप
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, गीतांजलि की शादी वर्ष 2021 में लक्ष्मण लहाजल से हुई थी। वह कालाहांडी जिले के गोतमुंडा गांव की रहने वाली बताई गई हैं। पीड़िता के पिता ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि शादी के बाद से ही उनकी बेटी को दहेज की मांग को लेकर शारीरिक और मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा था।
शिकायत में पहले भी प्रताड़ना की एक घटना का जिक्र किया गया है। आरोप है कि एक बार गीतांजलि पर गर्म पानी डाला गया था। इस मामले को लेकर गांव में बैठक भी हुई थी, जहां समझौता कराया गया था। हालांकि, इसके बाद भी पारिवारिक विवाद पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ।
पेट्रोल डालकर आग लगाने का आरोप
पीड़िता के पिता ने आरोप लगाया है कि उनके दामाद के पिता पवित्र लहाजल और गीतांजलि की सास ने कथित तौर पर उस पर पेट्रोल डालकर आग लगा दी। इस घटना में गीतांजलि बुरी तरह झुलस गईं।
घटना के बाद उन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया। उनकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने बेहतर इलाज के लिए दूसरे अस्पताल में रेफर किया। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, उन्हें पहले धर्मगढ़ उपमंडलीय अस्पताल ले जाया गया, इसके बाद भवानीपटना के जिला मुख्यालय अस्पताल में भर्ती कराया गया और फिर बुर्ला स्थित VIMSAR रेफर किए जाने की जानकारी सामने आई।
पीड़िता की हालत गंभीर बताई गई है। हालांकि, उनकी वर्तमान स्वास्थ्य स्थिति के बारे में ताजा आधिकारिक जानकारी उपलब्ध नहीं है।
पिता ने थाने में दर्ज कराई शिकायत
घटना के बाद गीतांजलि के पिता ने आमपानी पुलिस थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने अपनी बेटी के साथ कथित रूप से हुई प्रताड़ना और आग लगाने की घटना के लिए ससुराल पक्ष के लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामले की जांच शुरू की है। जांच में घटना की परिस्थितियों, दहेज उत्पीड़न के आरोपों और इसमें कथित रूप से शामिल लोगों की भूमिका की पड़ताल की जा रही है।
आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि और पुलिस जांच के निष्कर्ष सामने आना अभी बाकी है। इसलिए मामले में किसी भी आरोपी को दोषी ठहराना जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने से पहले उचित नहीं होगा।
दहेज उत्पीड़न पर फिर उठे सवाल
यह घटना एक बार फिर दहेज की मांग को लेकर महिलाओं के साथ होने वाली कथित हिंसा और घरेलू प्रताड़ना के गंभीर मुद्दे को सामने लाती है। कानूनन दहेज मांगना और दहेज के लिए महिला को प्रताड़ित करना अपराध है। ऐसे मामलों में शिकायत मिलने पर पुलिस की निष्पक्ष जांच और पीड़िता को उचित चिकित्सा एवं कानूनी सहायता मिलना बेहद जरूरी है।
कालाहांडी के गोतमुंडा गांव में हुई इस घटना में अब पुलिस की जांच और चिकित्सा संबंधी आगे की जानकारी पर नजर रहेगी।