छत्तीसगढ़ में मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो गया है। पिछले 24 घंटों से राज्य के कई जिलों में लगातार हो रही बारिश ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। तेज बारिश के कारण कई नदियां और नाले उफान पर हैं, जबकि बिजली गिरने और डूबने की अलग-अलग घटनाओं में तीन लोगों की मौत हो गई। मौसम विभाग ने राज्य के कई जिलों में अगले 24 से 48 घंटे तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।
राजधानी रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर, गरियाबंद, महासमुंद, रायगढ़, कोरबा, जशपुर, बस्तर और सरगुजा संभाग के कई इलाकों में लगातार बारिश दर्ज की गई। कई स्थानों पर निचले इलाके जलमग्न हो गए, जिससे लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा। कुछ ग्रामीण क्षेत्रों में कच्चे रास्ते भी क्षतिग्रस्त हो गए हैं।
राज्य में सबसे दुखद घटनाओं में बिजली गिरने और डूबने से तीन लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। प्रशासन ने लोगों से बारिश के दौरान खुले मैदानों, पेड़ों और नदी-नालों के पास जाने से बचने की अपील की है। जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें संवेदनशील क्षेत्रों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं।
लगातार बारिश के कारण महानदी, शिवनाथ, इंद्रावती, हसदेव सहित कई प्रमुख नदियों का जलस्तर बढ़ रहा है। कई छोटे पुलों और रपटों के ऊपर से पानी बहने की सूचना मिली है। प्रशासन ने ऐसे स्थानों पर बैरिकेडिंग कर लोगों को आवाजाही से रोकने के निर्देश दिए हैं।
भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार बंगाल की खाड़ी से नमी मिलने के कारण अगले दो दिनों तक राज्य के कई हिस्सों में मध्यम से भारी बारिश जारी रह सकती है। कुछ जिलों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और तेज हवाएं चलने की भी संभावना जताई गई है।
राज्य सरकार ने सभी जिलों के कलेक्टरों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। राहत एवं बचाव दलों को अलर्ट पर रखा गया है और बाढ़ संभावित क्षेत्रों में निगरानी बढ़ा दी गई है। लोगों से अपील की गई है कि वे मौसम विभाग और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें तथा किसी भी आपात स्थिति में तुरंत स्थानीय प्रशासन से संपर्क करें।
विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून अभी शुरुआती दौर में है और आने वाले दिनों में बारिश का सिलसिला जारी रह सकता है। ऐसे में नदी-नालों के आसपास रहने वाले लोगों को अतिरिक्त सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। किसानों के लिए यह बारिश खरीफ फसलों के लिहाज से लाभदायक मानी जा रही है, लेकिन अत्यधिक वर्षा होने पर जलभराव से नुकसान की आशंका भी बनी हुई है।

