देश विदेशबिजनेस

RBI ने देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के ऊपर लगाया 7 करोड़ रुपये का जुर्माना

रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के ऊपर 7 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया है. RBI ने NPA और अन्य नियमों का पालन नहीं करने की वजह से SBI पर यह जुर्माना लगाया है.बता दें कि रिजर्व बैंक ने साइबर सुरक्षा रूपरेखा पर उसके निर्देशों का अनुपालन नहीं करने के लिए यूनियन बैंक ऑफ इंडिया पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है. रिजर्व बैंक ने बयान में कहा है कि यूनियन बैंक पर यह जुर्माना 9 जुलाई, 2019 को लगाया गया है.

RBI के मुताबिक SBI ने आय पहचान और संपत्ति वर्गीकरण नियमों को सही तरीके से पालन नहीं किया. वहीं चालू खाता खोलने के नियमों का भी सही ढंग से पालन नहीं किया. RBI का कहना है कि SBI कॉर्पोरेट अकाउंट से जुड़े आंकड़ों को सेंट्रल रिपॉजिटरी ऑफ इंफॉर्मेशन ऑन लार्ज क्रेडिट को सौंपने और धोखाधड़ी जोखिम प्रबंधन को लागू करने में विफल रहा है।

RBI ने अपने बयान में कहा है कि यह कार्रवाई विनियामक अनुपालन में कमियों को देखते हुए की गई है. कार्रवाई का उद्देश्य बैंक द्वारा अपने ग्राहकों के लिए किए गए किसी भी लेनदेन या समझौते की वैधता पर सवाल खड़ा करना नहीं है.

रिजर्व बैंक ने यूनियन बैंक ऑफ इंडिया पर भी 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है,
भारतीय रिजर्व बैंक ने साइबर सुरक्षा रूपरेखा पर उसके निर्देशों का अनुपालन नहीं करने के लिए यूनियन बैंक आफ इंडिया पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।

रिजर्व बैंक ने बयान में कहा कि यह जुर्माना 9 जुलाई, 2019 को लगाया गया। केंद्रीय बैंक ने बयान में कहा है कि यह कार्रवाई नियामकीय अनुपालन में खामियों की वजह से की गई है और इसका उद्देश्य बैंक द्वारा अपने ग्राहकों के साथ किए गए किसी करार या लेनदेन की वैधता पर सवाल उठाना नहीं है।

रिजर्व बैंक ने इस मामले की जानकारी देते हुए कहा कि 2016 में बैंक की स्विफ्ट प्रणाली से निकले 17.1 करोड़ डॉलर मूल्य के सात धोखाधड़ी वाले संदेशों पर रिपोर्ट के बाद उसके साइबर सुरक्षा ढांचे की जांच में कई खामियां पाई गईं. इन निष्कर्षों के बाद बैंक को नोटिस जारी किया गया।

|

Related Articles

Back to top button