छत्तीसगढ़

CM बघेल ने कलेक्टर-एसपी कांफ्रेंस में दिखाए कड़े तेवर, कहा- राजस्व मामलों का हो जल्द निराकरण

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कलेक्टर-एसपी कांफ्रेंस में राजस्व मामलों की बढ़ती संख्या को देखते हुए इनके निराकरण में तेजी लाने के लिए कलेक्टर्स को निर्देश दिए, वहीं जमीनों के बंदोबस्त त्रुटियों के निराकरण के लिए नियमित कैंप लगाने को कहा।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की अध्यक्षता में गुरुवार को मंत्रालय में कलेक्टर-एसपी कांफ्रेंस हुआ, बैठक में मुख्य सचिव सुनील कुजूर, अपर मुख्य सचिव केडीपी राव, अमिताभ जैन, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव गौरव द्विवेदी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे. कॉन्फ्रेंस के पहले सत्र में राज्य शासन के वरिष्ठ अधिकारी, राज्य के सभी संभागों के कमिश्नर, जिला कलेक्टर, जिला पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी और नगर निगमों के आयुक्त उपस्थित थे. कांफ्रेंस में मुख्य 16 बिंदुओं सहित करीब 2 दर्जन बिन्दुओं की समीक्षा की गई।

CM बघेल ने लोक सेवा गारंटी योजना में समस्या का वास्तविक निराकरण होने की बात कहते हुए कहा कि आवेदक के निराकरण की गुणवत्ता से संतुष्ट होना चाहिए. लोक सेवा गारंटी सुनिश्चित करने उन्होंने संभागायुक्तों को लगातार मानिटरिंग और तहसील कार्यालयों के दौरा करने के निर्देश दिए. बताया गया कि जनवरी से मई 2019 के बीच प्राप्त लोक सेवा गारंटी आवेदनों में से 83 प्रतिशत निराकृत हो गए हैं, जबकि पिछले वर्ष जुलाई से दिसंबर के बीच 78 प्रतिशत आवेदनों का निराकरण हुआ था. उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सौर सुजला योजना के 20 फीसदी कनेक्शन गौठानों के लिए सुरक्षित रखे जाएं.

इसके पहले काॅन्फ्रेंस में नरवा, गरुआ, घुरवा, बारी योजना की समीक्षा की गई. मुख्यमंत्री बघेल ने अधिकारियों से कहा कि यह योजना खेती और पशुपालन की मजबूती के लिए है. मवेशियों के खुले में घूमने से खेती में दिक्कतें आ रही है. गौठान निर्माण और चारागाह विकास से यह समस्या दूर होगी. उन्होंने कहा कि गौठान निर्माण धार्मिक नहीं आर्थिक कार्य है. जहां गौठान बन गये हैं, वहां पशुओं का आना शुरू हो गया है।

|

Related Articles

Back to top button