Mumbai Water Cut: मुंबई नगर निगम (BMC) ने शहर के कई हिस्सों में मंगलवार, 5 मई से बुधवार, 6 मई के बीच 30 घंटे की जलापूर्ति कटौती की घोषणा की है. यह कटौती शहर की चल रही ‘वाटर सप्लाई प्रोजेक्ट’ के तहत महत्वपूर्ण टनल कनेक्शन और बुनियादी ढांचे के उन्नयन (upgrade) कार्य को पूरा करने के लिए की जा रही है. बीएमसी ने मुख्य रूप से पूर्वी और मध्य उपनगरों के प्रभावित वार्डों के निवासियों से अग्रिम रूप से पर्याप्त पानी जमा करने का आग्रह किया है.
कटौती का समय और मुख्य कारण
जलापूर्ति का निलंबन 5 मई को सुबह 10:00 बजे शुरू होगा और 6 मई को शाम 4:00 बजे समाप्त होने की उम्मीद है. इस दौरान कुछ क्षेत्रों में पूरी तरह से पानी बंद रहेगा, जबकि अन्य क्षेत्रों में कम दबाव के साथ आपूर्ति होगी. यह भी पढ़े: Mumbai Water Cut: दक्षिण और मध्य मुंबई में आज और कल 30 घंटे नहीं आएगा पानी, BMC ने जारी की प्रभावित इलाकों की सूची; चेक
इस शटडाउन का प्राथमिक उद्देश्य अमर महल (हेडगेवार उद्यान) को वडाला, परेल और ट्रॉम्बे जैसे प्रमुख वितरण बिंदुओं से जोड़ने वाली एक विशाल जल सुरंग को चालू करना है. इंजीनियर तुर्भे हाई लेवल जलाशय से 1,800 मिमी व्यास वाले जल चैनल को जोड़ने का काम करेंगे.
प्रभावित होने वाले प्रमुख क्षेत्र
कटौती का प्रभाव अलग-अलग वार्डों में अलग-अलग समय पर पड़ेगा. निवासियों को अपने इलाकों के अनुसार तैयारी करने की सलाह दी गई है:
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एफ उत्तर विभाग (F North): 6 मई को प्रतीक्षा नगर, शास्त्री नगर, संजय गांधी नगर, शांति नगर, वडाला ट्रक टर्मिनस और न्यू कफ परेड में पूर्ण शटडाउन रहेगा. सायन (पूर्व और पश्चिम) में कम दबाव की आपूर्ति होगी.
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एम पश्चिम और एन विभाग (M West & N): 5 मई को पूर्ण शटडाउन रहेगा, जो 6 मई को कम दबाव की आपूर्ति में बदल जाएगा. इसमें चेंबूर, घाटकोपर और विद्याविहार जैसे क्षेत्र शामिल हैं.
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एल और एम पूर्व विभाग (L & M East): परेल, शिवड़ी, कुर्ला और गोवंडी जैसे क्षेत्रों में मुख्य रूप से 6 मई को आपूर्ति बाधित रहेगी.
बीएमसी की नागरिक सलाह
भीषण गर्मी की मांग और काम की लंबी अवधि को देखते हुए, बीएमसी ने निर्देश जारी किया है. बीएमसी ने अपने बयान में कहा, “संबंधित विभागों के नागरिक आवश्यक मात्रा में पानी पहले से ही स्टोर कर लें. कटौती की अवधि के दौरान पानी का उपयोग मितव्ययिता के साथ किया जाना चाहिए.”
बुनियादी ढांचे का आधुनिकीकरण
यह रखरखाव कार्य बीएमसी की उस व्यापक पहल का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य मुंबई के पुराने हो चुके जल बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाना है. नई सुरंगों और उच्च क्षमता वाले चैनलों के जुड़ने से रिसाव (leakage) कम होगा और भविष्य में बिना किसी सूचना के होने वाली पाइप फटने की घटनाओं में कमी आएगी. 6 मई को शाम 4:00 बजे काम खत्म होने के बाद आपूर्ति धीरे-धीरे बहाल होगी, हालांकि सिस्टम को स्थिर होने में कुछ अतिरिक्त समय लग सकता है.

